ले आऊँ बाज़ार से..

जिसके पूरा पिघलने से पहले पिघल जाये दिल मेरे सनम का, ऎसी कोई शमा हो तो मैं भी ले आऊँ बाज़ार से जिसे खिलाते ही कुछ लम्हों में जो इश्क़ मुक़म्मल हो मेरा, ऎसी कोई दवा हो तो मैं भी ले आऊँ बाज़ार से फ़क़ीरबाबा का धुंआ कोई जो बुलंद कर दे इश्क़ मेरा, ऎसा […]

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Bade Pyare

Bade pyare lagte ho jab tum yun muskurate ho Muskurate hue jab tum apni palken jhukate ho Raton ko sapno me aakar meri ninden udate ho Fir bhor talak whatsapp par mujhse tum batiyate ho Apne poore farz nibha kar acche meet ban jate ho Meri kalam me sama kar ek madhur geet ban jate […]

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पर्यावरण

मैं हूँ पर्यावरण थाणो क्यूँ थें मन्ने मार रिया बिन गलती ही मन्ने क्यूँ घाट मौत रे उतार रिया मैं तो हमेशां ही मिनखां थाणो भलो चायो हूँ सदियां सदियां उं मैं जीवन थाणो बचायो हूँ तरक्की रे नाम माथे आज गळो थें म्हारो काट रिया काट कूट अर रूखां ने थें कर जमीं सपाट […]

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